HEALTH CARE स्वस्थ रहो, स्वस्थ करो

डॉ. स्वतंत्र जैन एक प्रख्यात निःस्वार्थ डॉक्टर, लोक कल्याणकारी और मानवाधिकार के क्षेत्र के मनीषी, जनहित, प्रेरणादायी और आध्यात्मिक लेखक हैं.
आप अन्तर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के इन्दौर शहर के अध्यक्ष एवं मध्यप्रदेश राज्य के उपाध्यक्ष हैं. उन्हें ये जिम्मेदारी उनके मानवाधिकार के क्षेत्र में किये गये जनहितकारी कार्यो को देखते हुए दी गयी है.
वर्तमान में आपके द्वारा निम्न कार्य और केंद्र संचालित किये जा रहे हैं -
1. अन्तर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन इन्दौर
2. मुक्तियाँ विश्व शांति, सुख, समृद्धि केन्द्र –
3. मुक्तियाँ आध्यात्मिक उपचार केन्द्र –
4. लोक हित, प्राणिमात्र के कल्याण के लिये आपके प्रवचन छ: माह तक भास्कर टी.वी. पर आते रहे हैं।
5. फेसबुक और Samadhan समाधान ग्रुप पर भी आपके लेख और बीमारियों के उपचार से सम्बंधित लेख आते रहते हैं.
6. देश-विदेश के हजारो लोग उनकी बीमारियों और परेशानियों के निवारण के लिए आपसे सम्पर्क करते रहते हैं.
अधिकांश गंभीर और सामान्य बीमारियों के उपचार के लिए आपकी नयी पुस्तक
“स्वस्थ रहो, स्वस्थ करो” को फेसबुक के सभी मित्रों और साथियों के लिए लोकार्पण किया गया है.
आपकी इस नवीन ”स्वस्थ रहो, स्वस्थ करो” पुस्तक के माध्यम से आप सभी को खुद को स्वस्थ रहने और अन्य दूसरे हजारो-लाखों लोगो को भी स्वस्थ करने की प्रेरणा दी जा रही है.
आपको जानकर आश्चर्य होगा कि इस पुस्तक के लोकार्पण से पूर्व ही लगभग दस हजार से भी ज्यादा लोगो ने इस डिजिटल पुस्तक को प्राप्त करने के लिए अपना ईमेल एड्रेस डॉ. सा. को दिया है. आजतक बीस हजार से भी ज्यादा लोगो द्वारा इसे या तो डाउनलोड किया जा चूका है या फिर उनके भेजे गये ईमेल एड्रेस पर भेजा जा चुका है.
फेसबुक के कुछ लोगो ने कहा कि उन्हें बीमारियों के उपचार और अन्य स्वस्थ रहने के नियम और स्वास्थ्य सम्बन्धी विभिन्न जानकारी भी एकसाथ अपने मोबाइल पर चाहिए, ताकि वे भी सभी तरह के लोगों तक इनका लाभ तुरंत पहुँच सके और वे जब चाहे, इन्हें देख सकें और इनका इस्तेमाल कर लोगो का भला भी कर सकें.
फेसबुक के कई दोस्तों ने बताया है कि उन्होंने अपने गाँव या शहर में डॉ. सा. द्वारा बताई चिकित्सा पद्धति से मरीजों को हर तरह से निशुल्क सलाह देना और उनका उपचार करना भी शुरू कर दिया है.
इस तरह इन सेवाभावी लोगो ने न केवल अपने परिवार को स्वस्थ रखा, अपितु अन्य लोगो को भी स्वस्थ बनाये रखने को कोशिश की. साथ ही गरीबों का निशुल्क उपचार भी शुरू कर दिया है और लोगों को इससे बहुत लाभ भी हुआ है.
इसलिए बीमारियों से उपचार की पुस्तक का नाम ”स्वस्थ रहो, स्वस्थ करो” रखा जा रहा है.
एक बात और स्पष्ट करना चाहते हैं कि बीमारियों के लिए इस पुस्तक में बताये सभी उपचार सिर्फ दिशा निर्देश ही हैं और किसी भी गंभीर स्थिति में किसी पास के डॉक्टर से संपर्क करें.
आप सभी स्वस्थ रहे और अपने आसपास के लोगो को भी स्वस्थ रहने में मदद करे.
इस तरह विश्व-बंधुत्व की ज्योत को जलाये रखने में हमे सहयोग करें.